,क्यूँ नही लगता ये जहाँ मेरा है उम्मीद नहीं दिखती बस उदासियों का घेरा है । रिश्तों नातों में क्या ?है , वो कशिश बाकी ! हक जता के कहें कोई ,मेरा है बस मेरा है ,। धुंधली हुई जाती हैं ,उजालों की परछाई , … more →
मेरी भी सुनो . . .Hemant Patel wrote 1 month ago: तुम हो ही नही तुम्हारे होने का अहसास है और यहा अभी इस पल इस खुरदुरे पन्ने से निकलकर अहसास से विश्वास … more →
intehaan wrote 2 months ago: सुनिए साहिल की आवाज़ में कई बार ऐसा होता है कि आप का प्यार आप के बेहद करीब होता है, पर आप की सोच उसे … more →
K.VERMA wrote 2 months ago: ,क्यूँ नही लगता ये जहाँ मेरा है उम्मीद नहीं दिखती बस उदासियों का घेरा है । रिश्तों नातों में क्या ?ह … more →
K.VERMA wrote 2 months ago: दर्द में भी ये लब मुस्कुरा जाते हैं , बीते लम्हें हमें जब भी याद आते हैं , । चाँद लम्हात के वास्ते ह … more →
K.VERMA wrote 2 months ago: ये ख्याले दिल क्यूँ ? आया न कभी ; कोई इस दिल को क्यूँ ? भाया न कभी; शिकवा रहेगा सदा ”दिल … more →
K.VERMA wrote 2 months ago: अनजाने में छू गया था हाथ तेरा , पल को लगा मिल गया , तेरा । दिल ही तो है इसका क्या करें , न मिलो तो ह … more →
K.VERMA wrote 3 months ago: शिद्दत से आई तेरी याद , हवा चलने लगी , सर्द बाँहों के अहसास से , बर्फ पिघलने लगी .. कुछ पल रहा दिल क … more →
K.VERMA wrote 4 months ago: असहाय ,असहज ,पाता क्यूं हूँ ? इस व्यवस्था के चक्रव्यहू में ,, प्रयत्नशील हूँ ,इस से नीकल जावूँ ,पर व … more →
योगेन्द्र जोशी wrote 1 year ago: बनारस में पान का चलन बहुत है और वह भी तंबाकू के साथ । पान चबाने पर मुंह में जमा होने वाले पीक को लोग … more →
kmuskan wrote 1 year ago: वो फूल ही कया जिसमे खुशबू ना हो वो दिल ही कया जिसमे किसी का पयार न हो वो पयार ही कया जिसमे दरद ना हो … more →
kmuskan wrote 1 year ago: गम का भी अपना ही मजा है गम न हो तो जीवन इक सजा है गम है तभी तो खुशी का अहसास है पर गम अगर हद से बढ ज … more →
विनय wrote 2 years ago: मेरे ही हाथों में टूटा है दम मेरा तेरे ही स्पर्श से तख़लीक़ हुआ है यह ‘विनय’… नया जन्म हुआ है त … more →