मन्त्रीजी स्वर्ग सिधारे ( नरक के बदले ) शायद चित्रगुप्त की भूल या खिलाया कम्प… more →
Harihar Jha हरिहर झा wrote 4 months ago: मन्त्रीजी स्वर्ग सिधारे ( नरक के बदले ) … more →
Tags: अतुकांत, मंच, व्यंग्य, हिन्द-युग्म, नरक, भ्रष्टाचार, मन्त्री, स्वर्ग
Harihar Jha हरिहर झा wrote 4 months ago: ( पिछ्ली कविता का शेष ) चित्रगुप्त ने जव … more →
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