एक शिकस्ता खोपड़ी गर्म नीले जीस्ममे से गोश्त के उन लोथड़ों को नोच लुं रच गया है जिनमें मेरे और तेरे अजदादका खुं नोचलुं और नोचकर बूढे कब्रस्तान की तूटी हुई कब्रोंसे बाहर झांकती सब हड्डियों पर थोप दु… more →
Adil Mansuri Urdu*Hindiaektinka wrote 1 year ago: एक शिकस्ता खोपड़ी गर्म नीले जीस्ममे से गोश्त के उन लोथड़ों को नोच लुं रच गया है जिनमें मेरे और ते … more →