कुछ कहना तो है निगाहे जब मिलती है निगाहो से तेरी शर्मो हया की धुन्द रुखसते हो सारी निगाहो से कुछ कहना तो है मगर पलके झुक जाती है साथ नही देती है | चहेरे के सामने जब तेरा चहेरा है आता मुस्कुराहटो के फू… more →
mehekmehhekk wrote 1 year ago: कुछ कहना तो है निगाहे जब मिलती है निगाहो से तेरी शर्मो हया की धुन्द रुखसते हो सारी निगाहो से कुछ कहन … more →