बड़े अरमान से एक कुत्ता पाला था रोज मेरे आगे पीछे घूमता था। वक्त पर खाना खाना आ जाता था चाहे कहीं भी घूमने जाता था मुझे उस पर विश्वास भी था ऱखवाली पर छोड़ दिया था धीरे-धीरे गायब होने लगा पहले कुछ दिन … more →
पंगा लेगाKrishna Kumar Mishra wrote 1 week ago: गांव का कच्ची मिट्टी का घर ऐर उसके सामने विचरण करते क्रौंच मैनहन, खीरी, उत्तर प्रदेश भारत क्योंकि अब … more →
kashyap omprakash wrote 3 months ago: सड़कछाप कुत्ता मजदूरों, कबाड़ बीनने वाले बच्चों, भिखारियों और फटेहाल आदमियों पर ही क्यों भौंकता है, … more →
अजीत कुमार मिश्रा wrote 8 months ago: बड़े अरमान से एक कुत्ता पाला था रोज मेरे आगे पीछे घूमता था। वक्त पर खाना खाना आ जाता था चाहे कहीं भी … more →