ज़िन्दगी जाने तू क्या चाहती है जाने किस मोड़ पे मुझे लिए जा रही है मेरे खवाबो ,मेरी तम्मनाओ को पीछे छोड़ जाने किस और चली जा रही है जाने कयों तु मेरी हर कोशिश को नाकाम करने में लगी है मुझसे तेरी जान… more →
कुछ िदल सेkmuskan wrote 1 year ago: ज़िन्दगी जाने तू क्या चाहती है जाने किस मोड़ पे मुझे लिए जा रही है मेरे खवाबो ,मेरी तम्मनाओ को पीछ … more →
kmuskan wrote 1 year ago: खवाबो में चाँद को देखा था उसे पाया भी था पर हकीकत में कभी उसे पाने की तमन्ना नही की मैं खवाब और हकीक … more →