Lost your password?

Blogs about: तौबा

उफ़! यह छाँव की उमस

विनय wrote 1 year ago: उफ़! यह छाँव की उमस तौबा यह झूठे फ़साने उम्मीद की धूप रिस गयी है शायिर: विनय प्रजापति ‘नज़र’ लेखन वर्ष: … more →

Tags: मेरी त्रिवेणी, ज़िन्दगी, उम्मीद, उफ़, धूप, इश्क़, Love, प्यार, मोहब्बत

ख़ामोश सदाओं से कोई बुलाये मुझको3 comments

विनय wrote 1 year ago: ख़ामोश सदाओं से कोई बुलाये मुझको बड़े दिन हुए कोई रुलाये मुझको अपना अब कहूँ किसे कोई नहीं मेरा ख़ुशी … more →

Tags: मेरी ग़ज़ल, ख़ुशी, दर्द, दिल, प्यार, ग़म, ख़ामोश, रुलाये, वुजूद


Have your say. Start a blog.

See our free features →

Related Tags
All →

Follow this tag via RSS