वो फूल ही कया जिसमे खुशबू ना हो वो दिल ही कया जिसमे किसी का पयार न हो वो पयार ही कया जिसमे दरद ना हो वो दरद ही कया जिसमे साथ ना हो वो साथ ही कया जिसमे अहसास ना हो… more →
कुछ िदल सेkmuskan wrote 1 year ago: वो फूल ही कया जिसमे खुशबू ना हो वो दिल ही कया जिसमे किसी का पयार न हो वो पयार ही कया जिसमे दरद ना हो … more →