दिल का जला होता तब रोशनी होती मैं तो जला हूँ चश्मे-अश्कबारी का… अब मेरी ख़ाक इक निहाँ दलदल है! चश्मे-अश्कबारी= rain of tears, निहाँ= hidden, buried दलदल= marsh, quagmire, ख़ाक= ash, dust शायिर: … more →
तख़लीक़-ए-नज़रGirijesh Rao wrote 1 month ago: डिनर के बाद जब महारानी मोनियो अगले दिन के विभिन्न अवसरों पर बोलने के लिए लिखी हुई बातों को याद करने, … more →
विनय wrote 1 year ago: दिल का जला होता तब रोशनी होती मैं तो जला हूँ चश्मे-अश्कबारी का… अब मेरी ख़ाक इक निहाँ दलदल है! … more →