पहलू में मेरे फिर दिल-ए-बरबाद आया है वो शख्स आज फिर मुझे क्यों याद आया है हर रा… more →
Rohit Jain wrote 7 months ago: पहलू में मेरे फिर दिल-ए-बरबाद आया है वो … more →
Tags: मेरी गज़लें, 2007 A Poetic Journey, Feb 2007, में, रोहित, जैन, गज़ल, कविता, Rohit
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