घने जंगल के बीच बसे एक गांव की सुमन 12 वीं कक्षा में पढ़ रही है। वह बोरी अभयारण्य के अंदर के काकड़ी गांव की है। पढने के लिए केसला आई है, जो मध्यप्रदेश के हो्शंगाबाद जिले का एक विकासखंड मुख्यालय है। यहां… more →
शैशवअफ़लातून wrote 1 month ago: घने जंगल के बीच बसे एक गांव की सुमन 12 वीं कक्षा में पढ़ रही है। वह बोरी अभयारण्य के अंदर के काकड़ी गा … more →
अफ़लातून wrote 2 months ago: जिंदगी की उथल-पुथल में पिछड़ जाते हैं बच्चे आमतौर पर विस्थापन का समाधान पुनर्वास से निकाल लिया जाता ह … more →
Praful wrote 7 months ago: जीवन में जब सब कुछ एक साथ और जल्दी – जल्दी करने की इच्छा होती है , सब कुछ तेजी से पा लेने की इ … more →
Satish Chandra satyarthi wrote 9 months ago: कुछ और रोचक तस्वीरें आप कल की पोस्ट में देख सकते हैं। The fun contd………… … more →
माधव त्रिपाठी wrote 1 year ago: हमेशा ही तो नही होता काम कभी थक जाता है इंसान रुक जाते हैं हाँथ दिमाग हो जाता है शांत कभी तो कलाकार … more →
विनय wrote 1 year ago: कुछ रिश्ते होते हैं बच्चों की होम-वर्क डायरी की तरह हमने ग़म को पहना है दिल पर किसी ज़ेवर की तरह शायि … more →
pryas wrote 1 year ago: कुछ क्षणिकाँएं लिखने की कोशिश की है. कृपया गलतीयाँ निकालें. स्कुल जाते बच्चे, घर बिठायी जाती बच्चिया … more →
Harihar Jha हरिहर झा wrote 1 year ago: नादान बच्चे पहन कर मुखौटा डराते फिरते है नहीं जानते वे उनके डराने की प्रवृत्ति भी एक तरह से भीतर का … more →