Blogs about: बहार
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खिली-खिली महकी बहारें हैं
खिली-खिली महकी बहारें हैं झीलों पर बहते शिकारें हैं ठण्डी-ठण्डी सौंधी हवाएँ … more »
तख़लीक़-ए-नज़र
खिली-खिली महकी बहारें हैं
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विनय प्रजापति wrote 5 days ago: खिली-खिली महकी बहारें हैं झीलों पर बहत … more »
यह दिन प्यार का दिन है
विनय प्रजापति wrote 1 month ago: बहुत ख़ूबसूरत प्यार का दिन है जिसे चाह … more »
तुम्हारी ख़ुशबू से महक उठा है मन
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विनय प्रजापति wrote 1 month ago: तुम्हारी ख़ुशबू से महक उठा है मन तुम्ह … more »
आफ़ताबी मुस्कुराहट है माहताबी चेहरा
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विनय प्रजापति wrote 1 month ago: आफ़ताबी मुस्कुराहट है माहताबी चेहरा च … more »
इक दिन तू चली जायेगी
विनय प्रजापति wrote 1 month ago: मेरी जान न कर मुझसे मोहब्बत इतनी कि इक … more »
हमारी दोस्ती बहुत गहरी थी
विनय प्रजापति wrote 1 month ago: हमारी दोस्ती बहुत गहरी थी जिसको लोहा क … more »
नग़मे खिलने लगे हैं
विनय प्रजापति wrote 1 month ago: नग़मे खिलने लगे हैं नज़्म महकने लगी है … more »
वह जो मेरे ज़ख़्म गिनता है
विनय प्रजापति wrote 2 months ago: वह जो मेरे ज़ख़्म गिनता है तो कहता है बस … more »
टूटे हुए चाँद को
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विनय प्रजापति wrote 2 months ago: टूटे हुए चाँद को सादे काग़ज़ में लपेटा … more »
दिल लगा बहार में, हाथ में आई खिज़ां
Rohit Jain wrote 2 months ago: दिल लगा बहार में, हाथ में आई खिज़ां इश्क़- … more »
कोई आता है ज़िन्दगी में
विनय प्रजापति wrote 2 months ago: कोई आता है ज़िन्दगी में, जैसे रोशनी जज़् … more »
आ री सखी चलें फिर वहीं
विनय प्रजापति wrote 3 months ago: आ री सखी चलें फिर वहीं जहाँ पहली बार मि … more »
कोई है इस दिल में
विनय प्रजापति wrote 3 months ago: कोई है इस दिल में पर साथ में नहीं है वह … more »
अब तेरा ही सपना है
विनय प्रजापति wrote 5 months ago: रात-दिन दुआओं में तुमको माँगता हूँ तुम … more »
तुमको सबसे सच्ची दोस्ती मिले
विनय प्रजापति wrote 5 months ago: तुमको ज़िन्दगी की हर ख़ुशी मिले तेरे लब … more »
ख़ाब में लम्स था सुम्बुल का
विनय प्रजापति wrote 5 months ago: ख़स्ताहाल है जो तेरा बीमार क्यों नहीं … more »
दिल में तेरे लिए सच्ची अक़ीदत है
विनय प्रजापति wrote 7 months ago: है जो किसी से तुम्हें तो गुल से निस्बत … more »
एक सफ़्हा
विनय प्रजापति wrote 8 months ago: सुबह एक सफ़्हा, शाम एक सफ़्हा दिन एक सफ़्ह … more »
