PRIYANKAR wrote 1 year ago: लीलाधर जगूड़ी की एक कविता मेरी कथा मेरी कथा फावड़ा घिस जाने की कारखाना उजड़ जाने की सड़क टूट जा … more →
PRIYANKAR wrote 1 year ago: लीलाधर जगूड़ी की एक कविता एक बुढिया का इच्छागीत जब मैं लगभग बच्ची थी हवा कितनी अच्छी थी घर से … more →
PRIYANKAR wrote 1 year ago: लीलाधर जगूड़ी की एक कविता तो जब उसने कहा कि अब सोना नहीं मिलेगा तो मुझे कोई फ़र्क नहीं पड़ा पर अगर … more →
PRIYANKAR wrote 1 year ago: प्रार्थना फलो ! जब महंगे बेचे जाओ तो तुरंत सड़ जाया करो छूते ही या देखते ही । ******** ( काव … more →
PRIYANKAR wrote 2 years ago: मेरा ईश्वर मेरा ईश्वर मुझसे नाराज़ है क्योंकि मैंने दुखी न रहने की ठान ली मेरे देवता नाराज़ हैं … more →