विनय wrote 12 months ago: जो मुझको जानते हैं ज़रा कम जानते हैं जो नहीं जानते हैं ज़रा ज़्यादा जानते हैं जो ढीठ बनके बैठा हुआ है म … more →
विनय wrote 1 year ago: लोग कहते हैं इश्क़ ने किया है मुझको गुमराह दुनिया में आया हूँ जिसके लिए करे मुझको ज़िबह जिसके लम्स ने … more →