premlatapandey wrote 1 month ago: मनमोहक! हरियाली सघना। सुंदर छटा॥ … more →
premlatapandey wrote 1 month ago: ये हरियाली ! कौन सा पहर है सुबह शाम या दोपहर! … more →
दीपक भारतदीप wrote 7 months ago: हरियाली के कायदे कभी रेगिस्तान में नहीं चलते। हरी दूब में चलते हों जो पांव रेत की धरती पर बुरी तरह ज … more →
Amarjeet Singh wrote 1 year ago: ये कौन आया रेगिस्तान मे हरियाली सी छा गई, उसकी कातिल अदाएँ मेरे दिल-ओ-दिमाग पे छा गई, कही जोश-ऐ-जूनू … more →