हमने लिखा था कि वर्तमान संसदीय प्रणाली द्वारा मजदूर वर्ग कभी सत्ता प्राप्त नहीं कर सकता. लेकिन इसका मतलब यह कदापि नहीं है कि मजदूर वर्ग चुनाव प्रक्रिया में बिलकुल भाग नहीं लेता. एक वोटर के रूप में वह … more →
नया सर्वहारा पुनर्जागरण नया सर्वहारा प्रबोधनShaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 1 month ago: हमने लिखा था कि वर्तमान संसदीय प्रणाली द्वारा मजदूर वर्ग कभी सत्ता प्राप्त नहीं कर सकता. लेकिन इसका … more →
Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 1 month ago: एक तरफ तो उत्तर प्रदेश की सरकार ‘सर्वजन हिताय’ होने का दावा करती है लेकिन दूसरी और इस सर … more →
K M Mishra wrote 4 months ago: =;भारत और अमेरिका ने बनायी थी नेपाल के रास्ते चीन पर हमले की योजना । =>हिक्क ! कहो भाई प्रचंड, जर … more →
K M Mishra wrote 5 months ago: =>मेरे बच्चों, अब मैं तुमको और दूध नहीं पिला सकता । केन्द्र सरकार की बुरी नज़र अब मेरे तबेले पर … more →
Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 6 months ago: “कांग्रेस की जीत पर अफलातून और सुरेश चिपलूनकर के दुःख में हम भी शरीक होते मगर … की टिप्पणियों के प्र … more →
Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 6 months ago: इस पोस्ट से सम्बंधित प्राप्त टिप्पणियों के पश्चात् यह ज़रूरी हो गया है कि इस विषय पर वाद-विवाद जारी … more →
Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 7 months ago: एजेण्डा पर कम्युनिस्ट क्रान्तिकारियों की एकता का सवाल : एक सर्वभारतीय पार्टी के गठन की ओर नक्सलबाड़ी … more →
Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 8 months ago: तैयार होती ज़मीन, वह ऐतिहासिक विस्फोट और उसके बाद नवम्बर, 1964 में जब कलकत्ता के त्यागराज हॉल में पा … more →
Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 8 months ago: निकट अतीत की पृष्ठभूमि : नक्सलबाड़ी-पूर्व दो दशकों के दौरान भारतीय कम्युनिस्ट आन्दोलन नक्सलबाड़ी में क … more →
Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 8 months ago: एक सिंहावलोकन -दीपायन बोस कुछ चीज़ें धकेल दी गयी हैं अँधेरे में उन्हें बाहर लाना है, जड़ों तक जाना है … more →
Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 8 months ago: 8. पूंजीवाद का क्रांतिकारी चरित्र “जब तक हस्तशिल्प और मैन्युफैक्चर सामाजिक उत्पादन के सामान्य … more →
Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 8 months ago: संशोधनवाद और मार्क्सवाद : बुनियादी फ़र्क भाकपा, माकपा और भाकपा (मा-ले) जैसी पार्टियों का नकली कम्युन … more →
Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 8 months ago: 6. बुर्जुआ वर्ग का राजनितिक विकास यहाँ पर लेखकों का मंतव्य सर्वप्रथम और प्रमुख रूप से फ्रांसीसी बुर् … more →
Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 8 months ago: 5. औद्योगिक क्रांति और मशीन से उत्पादन का विकास अठारहवीं शताब्दी के अंत में नयी मशीनों के आविष्कार स … more →
Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 8 months ago: ['कम्यूनिस्ट घोषणापत्र' पर राजनीतिशास्त्र के कई विद्वानों ने व्याख्याएँ और टिप्पणियां लिखी हैं. इनमे … more →
Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 8 months ago: 3. मध्ययुगीन अर्थव्यवस्था का ह्नास, भूगोलिक खोजों का युग और विश्व-बाज़ार की शुरुआत पंद्रहवीं शताब्दी … more →
Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 8 months ago: 2. हेक्स्टहाउज़ेन, मॉरेर और मॉर्गन कम्युनिस्ट पार्टी के घोषणापत्र के बाद के संस्करणों में एंगेल्स (18 … more →
Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 8 months ago: 1. 1847 में कम्युनिस्टों को सताया जाना वर्ष 1846 में पोप के पद पर चुनाव के समय पायस नौवां स्वयं को उ … more →
Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 8 months ago: power of the working people नई समाजवादी क्रान्ति के उद्घोषक ‘बिगुल’ से सम्बंधित 72 पन्नो … more →