Lost your password?

Blogs about: Critique Of The Political Economy

Featured Blog

श्रम और पूंजी की टक्कर - एक ऐसा 'वैषम्य' जिसका निपटारा बल प्रयोग द्वारा ही होता है 2 comments

Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 6 months ago: श्री दिनेशराय द्विवेदी जी द्वारा लिखित आलेख ‘उद्यम भी श्रम ही है‘ और श्री ज्ञानदत्त जी प … more →

Tags: पुस्तकें, सर्वहारा, पूंजीवादी संकट, मार्क्सवाद, संघर्ष, युद्ध, उत्पादक शक्तियां, उत्पादन के संबंध, Marxism

इस युग का प्रधान वैषम्य : जनतन्तर कथा (34) की हिफाजित में 10 comments

Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 6 months ago: “कोट, कपड़ा, आदि उपयोग-मूल्य, अर्थात पण्यों के ढांचे, दो तत्त्वों के योग होते हैं – पदार् … more →

Tags: विचारणीय : मीडिया से, प्रतिबद्ध, नव सर्वहारा पुनर्जा, नव सर्वहारा प्रबोधन, मार्क्सवाद, साम्राज्यवाद, उत्पादक शक्तियां, उत्पादन के संबंध, Marxism

पूंजीवाद के खिलाफ मेहनतकश वर्ग के प्रतिरोध के विभिन्न रूप

Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 7 months ago: 23.  ‘कम्युनिस्ट मेनिफेस्टो’ पर डेविड रियाजानोव की व्याख्यात्मक टिप्पणियां पूंजीवादी समाज मेहनतकशों … more →

Tags: पुस्तकें, कम्युनिस्ट, सर्वहारा, नव सर्वहारा पुनर्जा, नव सर्वहारा प्रबोधन, मार्क्सवाद, विरासत, उत्पादक शक्तियां, उत्पादन के संबंध

मजदूर पूंजीपति को उधार देता है1 comment

Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 7 months ago: 21.  ‘कम्युनिस्ट मेनिफेस्टो’ पर डेविड रियाजानोव की व्याख्यात्मक टिप्पणियां “ऐसे प्रत्येक देश म … more →

Tags: पुस्तकें, कम्युनिस्ट, नव सर्वहारा पुनर्जा, नव सर्वहारा प्रबोधन, मार्क्सवाद, विरासत, उत्पादक शक्तियां, उत्पादन के संबंध, एंगेल्स

श्रम और श्रमशक्ति

Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 7 months ago: 18. ‘कम्युनिस्ट मेनिफेस्टो’ पर डेविड रियाजानोव की व्याख्यात्मक टिप्पणियां यहाँ पर मार्क्स और एंगेल्स … more →

Tags: सर्वहारा, नव सर्वहारा पुनर्जा, नव सर्वहारा प्रबोधन, मार्क्सवाद, बाल श्रम, उत्पादक शक्तियां, उत्पादन के संबंध, Marxism, एंगेल्स

मार्क्स-एंगेल्स द्वारा लिखित 'कम्युनिस्ट पार्टी का घोषणापत्र' पर डेविड रियाज़ानोव की व्याख्यात्मक टिप्पणियां/बुर्जुआ और सर्वहारा-5. औद्योगिक क्रांति और मशीन से उत्पादन का विकास

Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 8 months ago: 5. औद्योगिक क्रांति और मशीन से उत्पादन का विकास अठारहवीं शताब्दी के अंत में नयी मशीनों के आविष्कार स … more →

Tags: क्रांति, पुस्तकें, कम्युनिस्ट, समाजवाद, सर्वहारा, नव सर्वहारा पुनर्जा, नव सर्वहारा प्रबोधन, मार्क्सवाद, विरासत

मार्क्स-एंगेल्स द्वारा लिखित 'कम्युनिस्ट पार्टी का घोषणापत्र' पर डेविड रियाज़ानोव की व्याख्यात्मक टिप्पणियां/बुर्जुआ और सर्वहारा-4. मैन्युफैक्चर

Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 8 months ago: ['कम्यूनिस्ट घोषणापत्र' पर राजनीतिशास्त्र के कई विद्वानों ने व्याख्याएँ और टिप्पणियां लिखी हैं. इनमे … more →

Tags: क्रांति, पुस्तकें, कम्युनिस्ट, सर्वहारा, नव सर्वहारा पुनर्जा, नव सर्वहारा प्रबोधन, मार्क्सवाद, विरासत, उत्पादक शक्तियां

मार्क्स-एंगेल्स द्वारा लिखित 'कम्युनिस्ट पार्टी का घोषणापत्र' पर डेविड रियाज़ानोव की व्याख्यात्मक टिप्पणियां/बुर्जुआ और सर्वहारा-3. मध्ययुगीन अर्थव्यवस्था का ह्नास, भूगोलिक खोजों का युग और विश्व-बाज़ार की शुरुआत

Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 8 months ago: 3. मध्ययुगीन अर्थव्यवस्था का ह्नास, भूगोलिक खोजों का युग और विश्व-बाज़ार की शुरुआत पंद्रहवीं शताब्दी … more →

Tags: पुस्तकें, कम्युनिस्ट, सर्वहारा, नव सर्वहारा पुनर्जा, नव सर्वहारा प्रबोधन, मार्क्सवाद, विरासत, उत्पादक शक्तियां, उत्पादन के संबंध

मार्क्स-एंगेल्स द्वारा लिखित 'कम्युनिस्ट पार्टी का घोषणापत्र' पर डेविड रियाज़ानोव की व्याख्यात्मक टिप्पणियां/बुर्जुआ और सर्वहारा-2. हेक्स्टहाउज़ेन, मॉरेर और मॉर्गन

Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 8 months ago: 2. हेक्स्टहाउज़ेन, मॉरेर और मॉर्गन कम्युनिस्ट पार्टी के घोषणापत्र के बाद के संस्करणों में एंगेल्स (18 … more →

Tags: क्रांति, पुस्तकें, कम्युनिस्ट, समाजवाद, सर्वहारा, नव सर्वहारा पुनर्जा, नव सर्वहारा प्रबोधन, मार्क्सवाद, विरासत

मार्क्स-एंगेल्स द्वारा लिखित 'कम्युनिस्ट पार्टी का घोषणापत्र' पर डेविड रियाज़ानोव की व्याख्यात्मक टिप्पणियां/बुर्जुआ और सर्वहारा-1. 1847 में कम्युनिस्टों को सताया जाना

Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 8 months ago: 1. 1847 में कम्युनिस्टों को सताया जाना वर्ष 1846 में पोप के पद पर चुनाव के समय पायस नौवां स्वयं को उ … more →

Tags: क्रांति, कम्युनिस्ट, समाजवाद, सर्वहारा, नव सर्वहारा पुनर्जा, नव सर्वहारा प्रबोधन, मार्क्सवाद, विरासत, उत्पादक शक्तियां

कार्ल मार्क्स की पूंजी (प्रथम खंड) का ऑडियो (इंग्लिश)

Shaheed Bhagat Singh Vichar Manch, Santnagar wrote 9 months ago: Section 01 – 11:14 Section 02 – 11:51 Section 03 – 22:34 Section 04 – 19:52 … more →

Tags: क्रांति, कम्युनिस्ट, नव सर्वहारा पुनर्जा, नव सर्वहारा प्रबोधन, पूंजीवादी संकट, मार्क्सवाद, पूँजी, Karl Marx, Capital


Have your say. Start a blog.

See our free features →

Related Tags
All →

Follow this tag via RSS