इस किरदार ने भारतीय घरों में बहुत कुछ बदला है। लोगों के रात के खाने का समय बदल दिया था इस सीरियल ने या यूं कहें इस किरदार ने। पत्नी पति से कहती है एक बार सीरियल खत्म हो जाये फिर खाना बाना देती हू भारत… more →
My Dreammequitnever wrote 5 months ago: आज मैं अपने डेस्क को ठीक कर रहा था और कहीं कोने से मेरे हाथ एक फोल्डर लगा | उस फोल्डर में रंगीन कगाज … more →
mequitnever wrote 8 months ago: असत्याभास एक जवलामुखी है | फुंटता क्यों नहीं | कब तक यह आग की ठंडक मुझे सुजाती रहेगी | एक बार जल जाओ … more →
anileklavya wrote 9 months ago: (कविता – स्तेफ़ान स्पेंडर) बंदूकें धन के अंतिम कारण के हिज्जे बताती हैं बसंत में पहाड़ों पर सी … more →
anileklavya wrote 9 months ago: (कविता – हैरॉल्ड पिंटर) लाश कहाँ मिली थी? लाश किसको मिली थी? लाश जब मिली तब क्या वह मृत थी? ला … more →
anileklavya wrote 10 months ago: (कविता – हैरॉल्ड पिंटर) मौत की उम्र तो हो चली है पर उसके पंजे में अब भी दम है पर मौत आपको निहत … more →
maheshpareek wrote 1 year ago: A fellow at New York City’s Weill Cornell Medical Center, Dr. Sam Parnia is one of the world … more →
mehhekk wrote 1 year ago: कुछ लोगो की टीम ग्लव्स में खून से सने हाथ महसूस करते है खून की गर्माहट को किसी ज़िंदगी को बचाने की … more →
विनय wrote 1 year ago: ज़ख़्मे-जिगर भर आये, कहाँ हो तुम? बदरा सावन बुलाये, कहाँ हो तुम? अपने हश्र तक पहुँचा ‘नज़र … more →
विनय wrote 1 year ago: वह सिर्फ़ मेरा है मेरा ही रहेगा जिस दिन भी पुकारा उसने मुझे मेरे मद्यए-मुक़ाबिल के सर मौत का सेहरा होग … more →
विनय wrote 1 year ago: जितनी मै उन आँखों में थी उतनी और कहाँ जितना सुरूर उन आँखों में था उतना और कहाँ रोज़ शाम दरवाज़े पे बैठ … more →
विनय wrote 1 year ago: हमने तो कभी दिल की अंधी ख़ला में किसी चाँद को रोशन होते नहीं देखा शायद आतिशी इंतकाल था सितारे का शाय … more →
विनय wrote 1 year ago: ज़िन्दगी… एक हीरे की अंगूठी है न उंगली में पहन सकूँ न ज़ुबाँ से चाट सकूँ मौत और मेरे दर्मियान बस … more →
विनय wrote 1 year ago: कोई आया है जाने के बाद क़ब्र पर वह गया है दो गुल मुझे नज़्र कर कोई तूफ़ाँ उठा था जो मिट गया है दे गया ह … more →
Grey Rainbow - स्याह इंद्रधनुष wrote 1 year ago: Dreams, Shattered dreams. Dreams of dreaming together, of making a life together Shattered dreams of … more →
Grey Rainbow - स्याह इंद्रधनुष wrote 1 year ago: मौत जब तू आना तो साथ ले कर आना वो सपना कि तेरे साथ साथ वो भी फिर आऐगा वो जो चला गया है तेरे साथ उस ज … more →
विनय wrote 1 year ago: और कैसे रक़ीब के यार हमसे पेश आते वह हमसे अय्यारी नहीं तो और क्या फ़रमाते हमारी क़िस्मत में जीते-जी फ़ना … more →
विनय wrote 1 year ago: सिवा इससे जो भी हो, करेंगे महब्बत तुझ बिन किसी से न करेंगे क़ज़ा ने भी हमसे ताक़त आज़माई की तुझ बिन हम ज … more →
Rajesh Roshan wrote 2 years ago: इस किरदार ने भारतीय घरों में बहुत कुछ बदला है। लोगों के रात के खाने का समय बदल दिया था इस सीरियल ने … more →
Rajesh Roshan wrote 2 years ago: प्रभावित इलाक़े ये है पूर्वी दिल्ली का नजारा मीणा समुदाय के लोग मोटर बाइक में जयपुर-अजमेर हाइवे मीणा … more →