दर्शक । जैसे कि आमतौर पर होते हैं । मध्यमवर्गीय औरतें, बच्चे, लड़कियां और उनको घूरते मध्यम वर्गीय युवकगण । हाई हील की सैंडिलें पहनी नाटी लड़कियां, गाढ़े रंग की सस्ती लिपिस्टिक की पर्तें, स्नो पावडर से पु… more →
सुदर्शनK M Mishra wrote 2 months ago: दर्शक । जैसे कि आमतौर पर होते हैं । मध्यमवर्गीय औरतें, बच्चे, लड़कियां और उनको घूरते मध्यम वर्गीय युव … more →
K M Mishra wrote 2 months ago: आज दशहरा है । इसकी सूचना देने के लिये चौराहे पर 30 माइक्रोफोन अपनी पूरी क्षमता के साथ चिंघाड़ रहे हैं … more →
yashendra wrote 5 months ago: बरसों बाद अकस्मात जा पहुँचा गोपालगंज के थावे शक्तिपीठ. कोई योजना नहीं थी. बस, अपने आप को पाया मैया क … more →
oskanpur wrote 1 year ago: IT Resellers in Uttar Pradesh are suddenly taken aback when people raise the issue of FOSS. Many of … more →