सत्य से जितनी दूर जाओगे भ्रम को उतना ही करीब पाओगे खवाब भले ही हकीकत होने लगें सपने चाहे सामने चमकने लगें उम्मीदें भी आसमान में उड़ने लगें पर तुम अपने पाँव हमेशा जमीन पर ही रख पाओगे झूठ को सच साबित करन… more →
****दीपकबापू कहिन**** ****Deepak Bharatdeep's hindi patrika****दीपक भारतदीप wrote 1 year ago: सत्य से जितनी दूर जाओगे भ्रम को उतना ही करीब पाओगे खवाब भले ही हकीकत होने लगें सपने चाहे सामने चमकने … more →
दीपक भारतदीप wrote 1 year ago: पोता विदेश से गोरी मेम को ब्याह्कर घर लाया और अपनी दादी से मिलवाया बहु ने अपना मूँह बिचकाया और उसे … more →
दीपक भारतदीप wrote 1 year ago: रक्षा बंधन के अवसर पर उसकी सब प्रेयसियो ने मिलने में असमर्थता जताई प्रियतम को तो कोई बहिन नहीं … more →
दीपक भारतदीप wrote 1 year ago: पोश कालोनी के उस घर में साँप निकला तो कोहराम मच गया वह ऐक कोने में पडा था अपने ही हाल से बेहाल था पर … more →
दीपक भारतदीप wrote 1 year ago: बच गया हेरी पॉटर लोग जश्न मनाते हुए किताब खरीदने के लिए दुकानों पर लाईन में खडे हैं अपनी हकीकतों से … more →