आज मैं खुश हू. जब मैंने ब्लॉग लिखना शुरू किया था टू कुछ सोच के नही शुरू किया था. लिखने पढने की आदत ने ब्लॉग बना दिया और लिखता गया. आज इसका हिट काउंटर 50000 के पार हो गया. जो कम से कम मुझे तो हतप्रभ कर… more →
My Dreamअफ़लातून wrote 3 months ago: कई बार चिट्ठों पर छपी प्रविष्टियों को ‘वर्ड’ (माइक्रोसॉफ़्ट ऑफ़िस वर्ड) पर चेपने , छाप … more →
Rajesh Roshan wrote 1 year ago: आज मैं खुश हू. जब मैंने ब्लॉग लिखना शुरू किया था टू कुछ सोच के नही शुरू किया था. लिखने पढने की आदत न … more →
Rajesh Roshan wrote 1 year ago: देखने का नजरिया अलग है। किसी ने अगर आलोक पुराणिक जी के चिट्ठे से दो पोस्ट हू बहू कापी कर अपने चिट्ठे … more →
Rajesh Roshan wrote 1 year ago: लिखने पढ़ने की आदत ने पहले पत्रकार बनाया और अब ब्लागर। इन दोनों मामलों में मैं अभी नया हूं। पत्रकारि … more →
Rajesh Roshan wrote 1 year ago: लोगों को इसके बारे में पता तो होगा ही। अभी-अभी मैंने किसी पोस्ट पर कमेंट दिया और वो कहता है कि बाद अ … more →
Rajesh Roshan wrote 1 year ago: अखबार के दफ्तर में हर सोमवार मीटिंग होती है। साथ में चाय-नास्ता भी होता है। बड़ा मजा आता है। चाय नास … more →
Rajesh Roshan wrote 1 year ago: मुझे तो ऐसा ही लगता है। जिसको ना लगता हो अपनी असहमति जरूर दर्ज कराएं। साथ में कारण बताएं। अहम। एक से … more →
Rajesh Roshan wrote 1 year ago: चूंकि मैंने ऐसा कभी किया नहीं तो इसका ठीक-ठीक अंदाजा मुझे नहीं पता। हां! इधर मेरे पोस्ट पर बेनाम टिप … more →
Rajesh Roshan wrote 1 year ago: यहां किसी का नाम लेना अच्छा नहीं होगा लेकिन मैंने महसूस किया है कि हिंदी के चिट्ठेकार ने अपनी दुनिया … more →
Rajesh Roshan wrote 2 years ago: अर्थशास्त्र का छात्र रहा हूं। मोनोपोली या एकाधिकार बाजार के लिए कभी अच्छा नहीं होता। यह सभी लोग जानत … more →
Rajesh Roshan wrote 2 years ago: जब भी आप बच्चे से पूछो कि आप क्या बनना चाहते हैं तो बेटा, पहले तो बोलेगा नहीं और अगर बोलेगा तो पुलिस … more →
Rajesh Roshan wrote 2 years ago: इसका खास उद्देश्य है भाईचारा को बढ़ावा देना। इधर वैसे भी माहौल गर्म है तो मैंने सोचा कि क्यों ना क … more →
Rajesh Roshan wrote 2 years ago: मैंने 15 जून को एक पोस्ट लिखी ‘शिवाजी‘ फिल्म के ऊपर और आज क्या देखता हूं कि गूगल पर शिवा … more →
Rajesh Roshan wrote 2 years ago: इसका खास उद्देश्य है भाईचारा को बढ़ावा देना। इधर वैसे भी माहौल गर्म है तो मैंने सोचा कि क्यों ना को … more →
Rajesh Roshan wrote 2 years ago: मेरा पूरा पोस्ट नारद पर हुए विवाद और यहां दिए जा रहे टिप्पणियों पर केंद्रित है। नारद पर हुए एक पोल क … more →