छायागृह में चलचित्र के एक दृश्य में नायक घायल हो गया तो एक महिला दर्शक रोने लगी। तब पास में बैठी दूसरी महिला बोली ‘अरे, घर पर रोना होता है इसलिये मनोरंजन के लिये यहां हम आते हैं पता नहीं तुम जैसे लोग … more →
**दीपक भारतदीप की हिंदी साहित्य-पत्रिका** ***Deepak Bharatdeep ki Hindi Patrika***दीपक भारतदीप wrote 2 months ago: छायागृह में चलचित्र के एक दृश्य में नायक घायल हो गया तो एक महिला दर्शक रोने लगी। तब पास में बैठी दूस … more →