Lost your password?

Blogs about: Hindi Litreture

Featured Blog

समन्दर पीने से भी प्यास नहीं बुझेगी (samandar se bhee pyas nahin bujhegee)2 comments

दीपक भारतदीप wrote 6 days ago: सभी लोग हमेशा दूसरे के सुख देखकर मन में अपने लिये उसकी कमी का विचार करते हुए अपने को दुःख देते हैं। … more →

Tags: अनुभूति, अभिव्यक्ति, मस्तराम, व्यंग्य, हास्य कविता, हास्य व्यंग्य, हिन्दी शायरी, हिन्दी शेर, Deepak bapu

हिंदी आध्यात्मिक सन्देश-बेकार के कम न करें तो ही ठीक (vidur niti-bekar kam n karen)

दीपक भारतदीप wrote 2 weeks ago: तथैव योगविहितं यत्तु कर्म नि सिध्यति। उपाययुक्तं मेधावी न तव्र गलपयेन्मनः।। हिंदी में भावार्थ-अच्छे … more →

Tags: arebic, अध्यात्म, अनुभूति, अभिव्यक्ति, कला, चिंतन, दीपक भारतदीप, मस्त राम, शब्द

नए स्वांग और मुखौटे-हास्य व्यंग्य कविताएँ (svang aur mukhaute-hindi satire poem)

दीपक भारतदीप wrote 3 weeks ago: रोज रचते हैं नया स्वांग चेहरे पर लगाते नए मुखौटे और बदलकर आते हैं कपड़े मगर छद्म होकर भी करते हैं हमे … more →

Tags: अनुभूति, अभिव्यक्ति, मस्तराम, हास्य व्यंग्य, हिन्दी, हिन्दी पत्रिका, Deepak bapu, Deepak bharatdeep, E-patrika

कौटिल्य दर्शन-दोस्त और दुश्मन दो प्रकार के होते हैं (kautilya darshan-dost aur dushman)

दीपक भारतदीप wrote 3 weeks ago: सहज कार्यजश्वव द्विविधः शत्रु सच्यते। सहज स्वकुलोत्पन्न कार्यजः स्मृतः। हिंदी में भावार्थ-शत्रु दो प … more →

Tags: abhivyakti, adhyatm, alekh, arebic, Article, अध्यात्म, अनुभूति, अभिव्यक्ति, चिंतन

जब उनके पुतलों की पोल खुल जायेगी-हिंदी कविता

दीपक भारतदीप wrote 1 month ago: पर्दे के पीछे वह खेल रहे हैं सामने उनके पुतले डंड पेल रहे हैं। आत्ममुग्धता हैं जैसे जमाना जीत लिया स … more →

Tags: अनुभूति, अभिव्यक्ति, मस्तराम, व्यंग्य, हास्य कविता, हिन्दी, हिन्दी पत्रिका, Deepak bapu, Deepak bharatdeep

दिवाली का शुभ दिन बीत गया-आलेख (hindi article on diwali festival

दीपक भारतदीप wrote 1 month ago: होश संभालने के बाद शायद जिंदगी में यह पहली दिवाली थी जिसमें मिठाई नहीं खाई। कभी इसलिये मिठाई नहीं खा … more →

Tags: अध्यात्म, अनुभूति, अभिव्यक्ति, कला, मस्तराम, साहित्य, Blogging, Deepak bapu, Deepak bharatdeep

बहस कि कामेडी-हिंदी लघु व्यंग्य (disscusion as a comedy-hindi satire)

दीपक भारतदीप wrote 1 month ago: उस उद्यान में ज्ञानियों के बीच देश की गरीबी मिटाने के लिये बहस चल रही थी। विषय था देश में गरीबी और श … more →

Tags: अनुभूति, अभिव्यक्ति, मस्तराम, व्यंग्य, समाज, हास्य व्यंग्य, Blogroll, Deepak bapu, Deepak bharatdeep

पसंद कि नापसंद-हास्य व्यंग (hindi comedy satire)

दीपक भारतदीप wrote 1 month ago: एक सज्जन ने मन्नत मांगी थी कि अगर उनको कभी कहीं से कोई सम्मान प्राप्त होगा तो वह किसी नये कवि का सम् … more →

Tags: अनुभूति, अभिव्यक्ति, मस्तराम, व्यंग्य, हास्य व्यंग्य, हिन्दी पत्रिका, Blogging, Blogroll, Deepak bapu

हिंदी ब्लाग अंग्रेजी से आगे निकल सकते हैं-आलेख1 comment

दीपक भारतदीप wrote 1 month ago: अंतर्जाल पर कौन कितना सफल है यह तो कहना कठिन है क्योंकि यहां अनेक तरह के फर्जीवाड़े हैं जिनको समझना ए … more →

Tags: hindi journlism, hindi web, hindi epatrika, web duniya, web dunia, hindi nai duinia, hindi megzine, Deepak bharatdeep, Deepak bapu

कबीर के दोहे-अपनी सराहना स्वयं न करें (kabir darshan-dosron ke dosh)

दीपक भारतदीप wrote 2 months ago: आपन को न सराहिये, पर निन्दिये न नहिं कोय। चढ़ना लम्बा धौहरा, ना जानै क्या होय।। संत शिरोमणि कबीरदास ज … more →

Tags: arebic, अध्यात्म, अनुभूति, अभिव्यक्ति, चिंतन, दीपक भारतदीप, मस्त राम, हिन्दी, Deepak bharatdeep

कौटिल्य का अर्थशास्त्र-कार्य के तीन व्यसन (kautilya ka arthshastra-karya ke teen vyasan)

दीपक भारतदीप wrote 2 months ago: वस्तुध्वशक्येषु समुद्यनश्चेच्छक्येषु मोहादसमुद्यश्मश्च। शक्येषु कालेन समुद्यनश्व त्रिघैव कार्यव्यसनं … more →

Tags: अध्यात्म, hindi writer, India, inlglish, Internet, jagran, media, Religion, sindh kesri

सविता भाभी ने किया सच का सामना-हिन्दी हास्य कविता (savita bhabhi ne kiya sach ka samana-hasya kavita)

दीपक भारतदीप wrote 2 months ago: नाम कुछ दूसरा था पर नायिका सविता भाभी रखकर वह सच का सामना प्रतियागिता में पहुंची और एक करोड़ कमाया। प … more →

Tags: अनुभूति, अभिव्यक्ति, कला, व्यंग्य, समाज, हास्य कविता, हिन्दी, हिन्दी पत्रिका, Blogging

दिल का दिमाग से रिश्ता-हिंदी कविता (dil aur dimag-hindi sahityak kavita)

दीपक भारतदीप wrote 2 months ago: दिल में कुछ दिमाग में कुछ जुबां से दूसरे बोल ही निकल आते हैं। दिल का दिमाग से दिमाग का जुबां से रिश् … more →

Tags: Blogroll, hindi web, web duniya, web dunia, hindi nai duinia, hindi megzine, Deepak bharatdeep, Deepak bapu, hindi bhasakar

कबीर वाणी-प्यार को सही ढंग से कोई नहीं समझता(kabir vani-pyar ka gyan)

दीपक भारतदीप wrote 2 months ago: प्रेम-प्रेम सब कोइ कहैं, प्रेम न चीन्है कोय जा मारग साहिब मिलै, प्रेम कहावै सोय संत शिरोमणि कबीरदास … more →

Tags: Anubhuti, arebic, अनुभूति, अभिव्यक्ति, चिंतन, दीपक भारतदीप, दोहे, धर्म, सन्देश

दोनों तूफान में फंसे थे-हिंदी कविता(rishton men tufan-hindi poem)

दीपक भारतदीप wrote 2 months ago: हम दोनों तूफान में फंसे थे उनको सोने की दीवारों का सहारा मिला हम ताश के पतों की तरह ढह गये। अब गुजरत … more →

Tags: hindi journlism, hindi epatrika, web duniya, web dunia, hindi nai duinia, hindi megzine, Deepak bharatdeep, Deepak bapu, hindi bhasakar

वैचारिक महाभारत की आवश्यकता-आलेख (baba shri ramdev,shri shri ravishankar & shri gita)

दीपक भारतदीप wrote 3 months ago: कभी समलैंगिकता तो कभी सच का सामना, युवक युवतियों के बिना विवाह साथ रहने और इंटरनेट पर यौन सामग्री से … more →

Tags: हिन्दी, आलेख, चिंतन, संपादकीय, अभिव्यक्ति, jagran, Internet, Anubhuti, India

कौटिल्य का अर्थशास्त्र-कार्य के होते हैं तीन व्यसन (kautilya ka arthshastra in hindi)

दीपक भारतदीप wrote 3 months ago: वस्तुध्वशक्येषु समुद्यनश्चेच्छक्येषु मोहादसमुद्यश्मश्च। शक्येषु कालेन समुद्यनश्व त्रिघैव कार्यव्यसनं … more →

Tags: adhyatm, alekh, Anubhuti, arebic, Article, अभिव्यक्ति, चिंतन, दीपक भारतदीप, मस्त राम

संत कबीर के-रात के सपने निराशा का भाव पैदा करते हैं (sant kabir-rat ke sapne aur nirasha)

दीपक भारतदीप wrote 3 months ago: कबीर सपनें रैन के, ऊपरी आये नैन जीव परा बहू लूट में, जागूं लेन न देन संत शिरोमणि कबीरदास जी का आशय य … more →

Tags: abhivyakti, adhyatm, अनुभूति, अभिव्यक्ति, आलेख, चिंतन, दीपक भारतदीप, दोहे, मस्त राम

विदुर नीति-बुद्धिमान से बैर करना ठीक नहीं (buddhiman se bair-vidur niti)

दीपक भारतदीप wrote 4 months ago: विदुर महाराज कहते हैं कि —————– बुद्धिमान व्यक्ति के प्रति अपराध … more →

Tags: abhivyakti, adhyatm, अध्यात्म, अनुभूति, अभिव्यक्ति, आलेख, चिंतन, दीपक भारतदीप, धर्म


Have your say. Start a blog.

See our free features →

Related Tags
All →

Follow this tag via RSS