Lost your password?

Blogs about: Hindi Poems

Featured Blog

जख्म दिल पर (गझल) - घनश्याम ठक्कर

kalapiketan wrote 6 days ago: जख्म दिल पर  (गझल)  घनश्याम ठक्कर … more →

Tags: कविता, गझल, गझल - घनश्याम ठक्कर, घनश्याम ठक्कर, साहित्य, हिंदी साहित्य, हिन्दी कविता, हिन्दी गझल, हिन्दी नेट

पास मैं उन के जाने लगी हूँ 2 comments

कल्पना भारती wrote 2 weeks ago: पास मैं  उन के  जाने लगी हूँ नैनों में उनको छुपाने लगी हूँ मन में  उन का नाम बसा कर सपने मिलन के सजा … more →

Tags: Ghazal, Bharti Ghazal, Hindi Poem

राधाकी व्यथा (गीत) - घनश्याम ठक्कर

kalapiketan wrote 2 weeks ago: राधाकी व्यथा (गीत) घनश्याम ठक्कर … more →

Tags: कविता, गीत, गीत -घनश्याम ठक्कर, गीत-काव्य, घनश्याम ठक्कर, साहित्य, हिंदी साहित्य, हिन्दी कविता, हिन्दी गीत

ख्वाब

Maheep Saraf wrote 2 weeks ago: आज कुछ होश नहीं बस तेरी यादें हैं साथ में  तेरी आँखें तेरी बातें तेरी खुश्बू मेरी हर बात में  हर ख्व … more →

Tags: कविता, साहित्य, हिन्दी, Hindi Poems: Romantic, Romantic, ख्वाब, शायरी, hindi, Literature

काले बादल : केरल की मीनाक्षी पय्याडा की कविता7 comments

अफ़लातून wrote 3 weeks ago: [ मीनाक्षी पय्याडा के माता - पिता दोनों शुद्ध मलयाली हैं , यानी केरलवासी । उसकी माँ , केरल के कन्नूर … more →

Tags: hindi, nursery rhymes , kids' poetry, कन्नूर, काले बादल, केन्द्रीय विद्यालय, केरल, पय्याडा, बाल कविता, मीनाक्षी

बीमार तेरे नामके! (गीत) - घनश्याम ठक्कर 2 comments

kalapiketan wrote 4 weeks ago: बीमार तेरे नामके! (गीत) घन-’श्याम’ ठक्कर … more →

Tags: कविता, गीत, गीत -घनश्याम ठक्कर, गीत-काव्य, घनश्याम ठक्कर, साहित्य, हिंदी साहित्य, हिन्दी कविता, हिन्दी गीत

चल तू अकेला - रवींद्रनाथ टैगोर (हिन्दी भाषांतर : घनश्याम ठक्कर) 2 comments

kalapiketan wrote 1 month ago: हमारी प्राथमिक शालामें कई अभिप्रेरक कविताएं पढनेकी/गानेकी परंपरा थी. आयु के उस सूर्योदय कालमें कुछ ऐ … more →

Tags: कविता, गीत, गीत-काव्य, घनश्याम ठक्कर, रवींद्रनाथ टैगोर, साहित्य, हिंदी साहित्य, हिन्दी कविता, हिन्दी गीत

पागल दिल था8 comments

hemjyotsana "Deep" wrote 1 month ago: कल तुम गुजर रहे थे , या कोई ग़ज़ल गुनगुना रहा था …. कल आहट थी कोई पहचानी , या कोई दरवाजे पर आ … more →

Tags: दोस्ती, Blogroll, Deep, hemjyotsana, hindi, Kavita, Life, Poems, Shayeri

नेह का दीपक मैं बारती4 comments

कल्पना भारती wrote 1 month ago: नेह का दीपक मैं बारती प्रियतम तोहे पुकारती आजा प्रिय… दिवाली की शाम है छाई पूजन पाठ मैं कर आई … more →

Tags: Diwali Geet, Hindi Poem

दीपावलीके त्योहारोंकी शुभकामनाएं - घनश्याम ठक्कर

kalapiketan wrote 1 month ago: शहनाई (सिंथेसाइझर) वादन   संगीतकार और वादकः घनश्याम ठक्कर Happy Diwali Music Composer & Performe … more →

Tags: कविता, गझल, गझल - घनश्याम ठक्कर, गरबा, गीत, गीत -घनश्याम ठक्कर, गीत-काव्य, घनश्याम ठक्कर, डांडियारास

तुमसे मांगती मैं अपनी जिंदगी2 comments

कल्पना भारती wrote 1 month ago: सुबह से लेकर शाम है लवों पे तेरा ही नाम है भरता है दिल तेरे लिए आंहें कोमल मन में सिर्फ तेरी यादें क … more →

Tags: Kalpana the Imagination, Kavita

पुष्पा भारतीजी कहानी का एक पहलू यह भी है8 comments

अफ़लातून wrote 1 month ago: आपातकाल की औपचारिक घोषणा के पहले भी सत्ता प्रतिष्ठान द्वारा पत्र-पत्रिकाओं पर नकेल कसना शुरु हो चुका … more →

Tags: धर्मवीर भारती, भवानी प्रसाद मिश्र, hindi, jayapraksh narayan, media, Mémoires

कुँवरनारायण को ज्ञानपीठ मिलने की खुशी में उनकी चार कवितायें5 comments

अफ़लातून wrote 1 month ago: जल्दी में प्रियजन मैं बहुत जल्दी में लिख रहा हूं क्योंकि मैं बहुत जल्दी में हूं लिखने की जिसे आप भी … more →

Tags: communalism, hindi, Kavita, Kunwar Narayan, Literature, उन्माद के खिलाफ, कविता, कुँवरनारायण, हिन्दी कविता

मंदिर1 comment

Maheep Saraf wrote 1 month ago: मैं मंदिर जाता हूँ हर रोज़, अब कोई मुझे शराबी नहीं कहता कलयुग हे, चलता हे; यहाँ कोई देर तक पापी नहीं … more →

Tags: Life, हिन्दी, साहित्य, कविता, hindi, Poem, Literature, Maheep, Ishwer

कुछ और शायरी2 comments

Maheep Saraf wrote 1 month ago: चाँद को देखता था हर रोज़ आसमान में, कभी ये मेरे भी करीब होगा आज मुट्ठी में हे चांदनी मगर, हथेली की त … more →

Tags: Hindi Poems: Romantic, Romantic, Life, हिन्दी, साहित्य, कविता, hindi, Poem, Literature

शायरी/मुक्तक4 comments

Maheep Saraf wrote 1 month ago: लोग मिलतें हैं महफिलों में, हज़ार चेहरों को बदल कर काम के वक़्त किसी भी अपने का चेहरा नहीं मिलता … more →

Tags: कविता, साहित्य, हिन्दी, Hindi Poems: Romantic, Life, Romantic, मुक्तक, शायरी, hindi

भारत प्रत्यागमन (गझल) - घनश्याम ठक्कर2 comments

kalapiketan wrote 4 months ago: भारत प्रत्यागमन   गझल घनश्याम ठक्कर   … more →

Tags: Oasis Thacker, घनश्याम ठक्कर, हिन्दी कविता, कविता, हिन्दी ब्लोग, हिन्दी नेट, Gazal, हिन्दी गझल, Ghanshyam Thakkar

भारत प्रत्यागमन (गझल) - घनश्याम ठक्कर2 comments

kalapiketan wrote 4 months ago: भारत प्रत्यागमन   गझल घनश्याम ठक्कर   … more →

Tags: Oasis Thacker, घनश्याम ठक्कर, हिन्दी कविता, कविता, हिन्दी ब्लोग, हिन्दी नेट, Gazal, हिन्दी गझल, Ghanshyam Thakkar

वर्तमान1 comment

Maheep Saraf wrote 4 months ago: जो सदाएँ सुनाई देती थी सागर की लहरों में वो गुम हो गई हे कहीं बमो की खबरों मे ढूंढ रहा हूँ वो बचपन, … more →

Tags: कविता, साहित्य, हिन्दी, Hindi Poems: Romantic, Life, बचपन, वर्तमान, hindi, Literature


Have your say. Start a blog.

See our free features →

Related Tags
All →

Follow this tag via RSS