जाना है जाना है चलते ही जाना है ना कोई अपना है ना ही ठिकाना है सब रास्ते नाराज़ हैं मन्ज़िल की आहटों से राही बेगाना है जाना है जाना है चलते ही जाना है क्या कभी साहिल भी तूफ़ान में बहते हैं सब यहाँ आसान ह… more →
कुछ पल जगजीत सिंह के नामAmarjeet Singh wrote 2 years ago: जाना है जाना है चलते ही जाना है ना कोई अपना है ना ही ठिकाना है सब रास्ते नाराज़ हैं मन्ज़िल की आहटों स … more →