चाह कर भी रूक नही सकता अमर वो वक़्त हूँ छाया मिले निज संसार मैं धूप खड़ा… more →
mehekmehhekk wrote 4 months ago: चाह कर भी रूक नही सकता अमर वो वक़्त … more →
mehhekk wrote 6 months ago: ज़िंदगी का हर कदम तेरे साथ चलते है हर ल … more →
mehhekk wrote 6 months ago: तेरी याद में कितनी करवटें बदली,कितन … more →
mehhekk wrote 10 months ago: वक़्त ही बाकी रह गया है अक्सर सुनती आई … more →