Blogs about: Muskan
Featured Blog
रिश्ते
तु कया लूटेगा उन लूटे हूओ को जो पहले ही वकत के हाथो लूटे है । तोड़ सकी जिस ना मुश… more »
कुछ िदल से
रिश्ते
— 2 comments
kmuskan wrote 1 day ago: तु कया लूटेगा उन लूटे हूओ को जो पहले ही … more »
कटी पतंग हो गई है
— 1 comment
kmuskan wrote 3 days ago: ना जा उनके मुहलले मे उनकी गिलयाँ तंग ह … more »
क्या ये तुम हो
— 3 comments
kmuskan wrote 6 days ago: चोखट पर नजरे लगाए बैठे थे, इंतज़ार मे नज … more »
बचपन
— 3 comments
kmuskan wrote 1 week ago: िकतने अचछे थे बचपन के वो पल ना कोई िचंत … more »
हवा
— 3 comments
kmuskan wrote 1 week ago: बहते- बहते जब थक गई हवा बेचारी तो आराम क … more »
रोशनी की एक किरण
— 1 comment
kmuskan wrote 1 week ago: दूर से आती रोशनी की एक किरण मन मे कही आश … more »
परछाई
— 2 comments
kmuskan wrote 2 weeks ago: मै तेरी परछाई हूँ सदा तेरे संग चलूगी । … more »
िजंदगी
— 2 comments
kmuskan wrote 2 weeks ago: हाथो से वकत िफसल गया हम बस देखते ही रह ग … more »
तेरे वजूद का एहसास
— 11 comments
mehhekk wrote 2 weeks ago: अपने आप में खोई,अकेली ही खड़ी थी | न … more »
मुझे इंतजार है उस पल का
— 1 comment
kmuskan wrote 2 weeks ago: मुझे इंतजार है उस पल का जब मेरी कलपनाए … more »
तैयार बैठे है
— 1 comment
kmuskan wrote 3 weeks ago: िकस िकस से बचाए अपना दामन हर मोड पे लुट … more »
कुछ दिल से
— 18 comments
mehhekk wrote 3 weeks ago: कुछ दिल से १. वैसे तो आपकी हर अदा से … more »
खवाब
— 5 comments
kmuskan wrote 3 weeks ago: हर घडी ये िदल कोई नया खवाब बुनता है हर ख … more »
आ अब लौट चले
kmuskan wrote 3 weeks ago: आ अब लौट चले िफर से उंही राहो पे िजन पर … more »
आरजू
— 2 comments
kmuskan wrote 1 month ago: िजंदगी की इक ही है आरजू हर जनम मे बनू, म … more »
