Lost your password?

Blogs about: Noon

मैं ज़हर का असर ढूँढ़ता फिरा

विनय wrote 1 year ago: मैं ज़हर का असर ढूँढ़ता फिरा वह शामो-सहर ढूँढ़ता फिरा जिस बाज़ार में ग़म बिकते हों उसे दिनो-दोपहर ढूँढ … more →

Tags: मेरी ग़ज़ल, इश्क़, Heart, Love, दिल, प्यार, मोहब्बत, बाज़ार, शाम

ज़बीने-माह पर गेसू की लहर याद आती है

विनय wrote 1 year ago: जबीने-माह पर गेसू की लहर याद आती है वह गुलाबी ख़ुशरंग शामो-सहर याद आती है जिसने हमें ज़िन्दगी का दीवा … more →

Tags: मेरी ग़ज़ल, ज़िन्दगी, इश्क़, Love, प्यार, मोहब्बत, Pain, चाहत, शाम


Have your say. Start a blog.

See our free features →

Related Tags
All →

Follow this tag via RSS