विनय wrote 1 year ago: ज़ोर से दिल धड़कता है (हाँ धड़कता है) तूफ़ान साँसों में चलता है (हाँ चलता है) आँखें ठहर जाती हैं तस्वी … more →
विनय wrote 1 year ago: कभी वैसे होता है, कभी ऐसे होता है यह प्यार जो होता है, प्यार ही रहता है… तुमको सब पता है हमक … more →
विनय wrote 1 year ago: रक़ाबी चाँद जला दो यह रात चाँदनी हो जाये कभी तो पास बुला लो तेरी नज़दीकियों का मुझे एहसास हो जाये गुला … more →
विनय wrote 1 year ago: दिल की लगी दिल को दिल से लगी जब लगी यह आग फिर न बुझी यह दिल की लगी है दिल से लगी है जब यह लगी है फिर … more →
विनय wrote 1 year ago: है दिल मेरा दीवाना तेरा तू शमअ मेरी मैं परवाना तेरा झूमती हवाएँ नशीली फ़िज़ाएँ हाँ यह झूमती हवाएँ और य … more →
विनय wrote 1 year ago: जिसका इन्तिज़ार था वह आ ही गयी जिसको ढूँढ रहा था मैं मिल भी गयी करता क्या क़दमों में दिल रख दिया और को … more →