खुदा तेरी खुदाई की कसम जूस्तजू है अदब से एक बार रूबरू करा दे यार से एक बार | रास्ते में टकराए है उनसे बहुत निगाहे मिला दे बस एक बार | उनसे तो हम कत्ल हो चुके इज़हार-ए-इश्क़ का गुनाह करा दे एक बार | खु… more →
mehekmehhekk wrote 1 year ago: खुदा तेरी खुदाई की कसम जूस्तजू है अदब से एक बार रूबरू करा दे यार से एक बार | रास्ते में टकराए है उनस … more →
mehhekk wrote 1 year ago: एतबार है हमे ज़िंदगी ज़िंदगी जब से रूबरू हमसे हुई है ख़यालो के तूफान थमसे गये है अभी | पहले तो हवा … more →