अपने आप को धर्म और भगवान से ऊँचा मानने वाला हिरण्यकश्यप नाम का एक राजा था। वह चाहता था कि सब लोग उसे ही भगवान मानें और उसकी पूजा करें । पर हिरण्यकश्यप के पुत्र ने उसे भगवान मानने से साफ इनकार कर दिया… more →
शैशवअफ़लातून wrote 4 months ago: अपने आप को धर्म और भगवान से ऊँचा मानने वाला हिरण्यकश्यप नाम का एक राजा था। वह चाहता था कि सब लोग उस … more →
अफ़लातून wrote 11 months ago: तीसरा दृश्य मगनवाड़ी का । बारह वर्षों का मौन चल रहा था । लेकिन बापू ने बहस करके भगवान का नामोच्चारण क … more →
अफ़लातून wrote 1 year ago: सुकरात मेरा प्यारा भतीजा है । ४ अगस्त १९७५ को बनारस के महिला अस्पताल में पैदा हुआ तब रणभेरी , चि … more →
अफ़लातून wrote 1 year ago: मेरे एक कथाकार मित्र ने ‘आत्मदर्शी’ नाम से चिट्ठा शुरु किया है।साहित्यिक जगत में वे एक अ … more →