कितना झीना है आज आसमाँ में चाँद, निकलो बाहर तो एक नज़र देखना उसे । देखोगी इस नज़ारे को तुम जो आज, तो जान जाओगी, कैसी दिखती हो मेरे खयालों में मुझे । “जहाँ हूँ मैं, जहाँ खडी़ हूँ मैं, दिखता नहीं चा… more →
स्याह इंद्रधनुष और चाँदनी रातेंalishaminta wrote 1 month ago: Door hai apse to kuch gam nahi, Door rehke bhulne wale hum nahi, Roz mulaqat na ho to kya hua, apki … more →
alishaminta wrote 3 months ago: Its life we live , till there are bearts hearts we lives. Nothing depands on the age but on the mind … more →
Grey Rainbow - स्याह इंद्रधनुष wrote 10 months ago: यह लिख भेजा था उसने मुझे, चाँदनी ने ! सपने ये निगाहों के सच हों न हों, ज़िन्दगी मे हम करीब हों न हों … more →
Grey Rainbow - स्याह इंद्रधनुष wrote 1 year ago: कितना झीना है आज आसमाँ में चाँद, निकलो बाहर तो एक नज़र देखना उसे । देखोगी इस नज़ारे को तुम जो आज, तो ज … more →
Grey Rainbow - स्याह इंद्रधनुष wrote 1 year ago: कोई नज़रें मिलाने भी नही देता है, हमारी नज़रों का रुख देख कर मुँह फेर लेता है । शायद यह सोच कर कि, कह … more →
Grey Rainbow - स्याह इंद्रधनुष wrote 1 year ago: ———१———– क्या नाम दिया तुमने मुझको, सारी बस्ती में कर दिया … more →
Grey Rainbow - स्याह इंद्रधनुष wrote 1 year ago: The Heart of your soul is what I want to discover, Things which give you joy, I want to uncover. Wan … more →
Grey Rainbow - स्याह इंद्रधनुष wrote 1 year ago: मित्र मेरे, छोटा सा पत्र तुम्हें लिख रहा हूं आज होली है । जीवन है, कई रंग हैं उसमें एक रंग उसमे तुमस … more →