सरकार की अर्थनीति, व्यापारनीति, और राजनीति इन तीनों चीज़ों से मैं कोई राफ़्ता नही रखता और न ही मुझे इस वाबत बहुत जानकारी है, लेकिन मैं इतना जरूर जानता हूं, कि यदि देश के हालात खराब हो या इन नेताओं के … more →
मैनहनKrishna Kumar Mishra wrote 16 hours ago: सरकार की अर्थनीति, व्यापारनीति, और राजनीति इन तीनों चीज़ों से मैं कोई राफ़्ता नही रखता और न ही मुझे … more →
विनय wrote 1 year ago: निख्खा शक्कर है उससे मरासिम में ज़्यादा को इक रोज़ ज़हर होना था अब तू ही बता, मैं तुझसे जुदा किधर जाऊँ … more →
विनय wrote 1 year ago: शीशाए-अश्क आते रहे क़तरा-क़तरा लहू रुलाते रहे हम दीवानों की ख़ैर भला कौन पूछे लोग आते-जाते रहे हम रखते … more →