कुछ दिल से १. वैसे तो आपकी हर अदा से वाकिफ़ है दिलदारा डरते है जब इश्क़ में इम्तेहान देने की बात हो | २. जब तक न तुमसे बातें हो दिल-ए-ग़ुरबत सुकून नही पाता बार- २ दोहराओ वादा-ए-इश्क़,तब तक उ… more →
mehekmehhekk wrote 1 year ago: कुछ दिल से १. वैसे तो आपकी हर अदा से वाकिफ़ है दिलदारा डरते है जब इश्क़ में इम्तेहान देने की ब … more →
mehhekk wrote 2 years ago: हिन्दी में हाइकू लिखने का हमारा ये पहला प्रयास है| हाइकू – समय 1. रोकना चाहती हूँ … more →