पहले की एक पोस्ट (७ अक्टूबर २००९) में इस बात का उल्लेख किया गया है कि कठोपनिषद् में वाजश्रवापुत्र ऋषिकुमार नचिकेता और यम देवता के बीच प्रश्नोत्तरों की कथा का वर्णन है । बालक नचिकेता की शंकाओं का समाधा… more →
विचार संकलनयोगेन्द्र जोशी wrote 1 week ago: पहले की एक पोस्ट (७ अक्टूबर २००९) में इस बात का उल्लेख किया गया है कि कठोपनिषद् में वाजश्रवापुत्र ऋष … more →
दीपक भारतदीप wrote 2 months ago: यामिमां पुष्पितां वाचं प्रवदन्त्यविपश्चितः। वेदावादरताः पार्थ नान्यदरस्तीति वादिनः।। कामात्मानः स्वर … more →
दीपक भारतदीप wrote 2 months ago: यामिमां पुष्पितां वाचं प्रवदन्त्यविपश्चितः। वेदावादरताः पार्थ नान्यदरस्तीति वादिनः।। कामात्मानः स्वर … more →
योगेन्द्र जोशी wrote 3 months ago: अपने आरंभिक छात्रजीवन के समय संस्कृत पाठ्यपुस्तकों में मैंने “सत्यं वद । धर्मं चर ।… मातृदेवो … more →
दीपक भारतदीप wrote 4 months ago: मनु महाराज कहते हैं कि —————- कि वेदैः स्मृतिभिः पुराणपठनैः शास्त्रेर् … more →
योगेन्द्र जोशी wrote 6 months ago: ‘सत्यमेव जयते’ भारत सरकार द्वारा शासकीय प्रतीक-वाक्य के तौर पर अपनाया गया सूक्त है, जिससे बहुत से लो … more →
योगेन्द्र जोशी wrote 1 year ago: वैदिक मंत्रों में सुख्यात तथा सर्वाधिक चर्चित मंत्र श्रीगायत्री मंत्र है जिसके मंत्रद्रष्टा ॠषि विश् … more →
योगेन्द्र जोशी wrote 1 year ago: छ: वैदिक मन्त्रों की इस शृंखला में अधोलिखित मन्त्र (यजुष्) अन्तिम है:- सुषारथिरश्वानिव यन्मनुष्यान् … more →
योगेन्द्र जोशी wrote 1 year ago: मैं शुक्लयजुर्वेद के चौंतीसवें अध्याय के उन छः मंत्रों की चर्चा कर रहा हूं जिनका अंतिम चरण ’तन्मे मन … more →
aspundir wrote 1 year ago: हिन्दू-धर्म का आधार हिन्दू धर्म व्यक्ति प्रवर्तित धर्म नहीं है। इसका आधार वेदादि धर्मग्रन्थ है, जिनक … more →
दीपक भारतदीप wrote 2 years ago: १.शत्रु को अपने से अधिक जानकर उसके बल के कारण उपेक्षा कर स्थिर ही रहता है उसको उपेक्षासन कहते हैं। ज … more →
दीपक भारतदीप wrote 2 years ago: रहिमन गली है सांकरी, दूजो न ठहराहिं आपु अहैं तो हरि नहीं, हरि आपुन नाहि संत शिरोमणि रहीम कहते हैं की … more →