आदमी क्या खाये और क्या पीये ? मंहगाई सुरसा चाची के मुंह से भी बड़ा मुंह फाड़ती जा रही है । इसके मुंह से सिर्फ ‘अति लघुरूप’ (अत्यंत गरीब) में विचरने वाले ही बच सकते हैं या फिर ‘कनक भूधर… more →
सुदर्शनK M Mishra wrote 1 day ago: आदमी क्या खाये और क्या पीये ? मंहगाई सुरसा चाची के मुंह से भी बड़ा मुंह फाड़ती जा रही है । इसके मुंह स … more →
K M Mishra wrote 6 days ago: वही हो रहा है मित्रों जिसका मुझे डर था । शांति का नोबेल भारत को भारी पड़ने जा रहा है । मियां ओबामा न् … more →
दीपक भारतदीप wrote 1 week ago: सप्ताह में उस दुकान से एक बार तो बेकरी का सामान जरूर खरीदते हैं। ऐसा बरसों से चल रहा है। वह दुकानदार … more →
दीपक भारतदीप wrote 1 week ago: किताबों में लिखे शब्द कभी दुनियां नहीं चलाते। इंसानी आदतें चलती अपने जज़्बातों के साथ कभी रोना कभी ह … more →
दीपक भारतदीप wrote 4 weeks ago: बुद्धिजीवियों का सम्मेलन हो रहा था। अनेक प्रकार के बुद्धिजीवियों को उसमें आमंत्रण दिया गया। यह सम्मे … more →
K M Mishra wrote 4 weeks ago: अमेरिका के राष्ट्रपति बराक ओबामा हमारे चिरंजीवी प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह जी की मेजबानी की तैयारियो … more →
दीपक भारतदीप wrote 1 month ago: समाज सेवाध्यक्ष जी ने अपनी बाहें टेबल पर टिकाई अपना मूंह हथेलियों पर रखने को बाद अपने सात सभासदों की … more →
दीपक भारतदीप wrote 1 month ago: पर्दे के पीछे वह खेल रहे हैं सामने उनके पुतले डंड पेल रहे हैं। आत्ममुग्धता हैं जैसे जमाना जीत लिया स … more →
K M Mishra wrote 1 month ago: धन्य हैं नोबेल प्राइज कमेटी वाले भी । युध्द, गरीबी, भुखमरी, स्वाइन फ्लू, आतंकवाद, प्राकृतिक आपदाओं आ … more →
दीपक भारतदीप wrote 1 month ago: सुबह दीपक बापू सड़कों पर पानी से भरे गड्ढों में गिरने से बचते हुए जल्दी जल्दी ही आलोचक महाराज के घर प … more →
K M Mishra wrote 1 month ago: =>भौं, भौं, भौं, भौं, भौं, <=अबे साले ! तेरे कू इतना भी नहीं पता कि अतिथि देवो भव होते हैं । फ … more →
दीपक भारतदीप wrote 1 month ago: एक दिन घूमते हुए उसने चाय पिलाई तब वह अच्छा लगा कुछ दिन बाद वह मिला तो उसने पैसे उधार मांगे तब वह बु … more →
K M Mishra wrote 1 month ago: नवरात्र के नौ दिन अत्यंत शुभ और चमत्कारी होते हैं । श्रध्दालु नौ दिन व्रत रखते हैं, देवी का पाठ करते … more →
K M Mishra wrote 1 month ago: _____________________________लेखक – नरेश मिश्र चार कुकर्मी थे । निहायत नापाक । वारदात करने के … more →
K M Mishra wrote 2 months ago: दर्शक । जैसे कि आमतौर पर होते हैं । मध्यमवर्गीय औरतें, बच्चे, लड़कियां और उनको घूरते मध्यम वर्गीय युव … more →
K M Mishra wrote 2 months ago: आज दशहरा है । इसकी सूचना देने के लिये चौराहे पर 30 माइक्रोफोन अपनी पूरी क्षमता के साथ चिंघाड़ रहे हैं … more →
K M Mishra wrote 2 months ago: इसका तो मुझे पूर्ण विश्वास था कि कभी न कभी मुझे कुख्याति मिलेगी पर ब्लागिंग का एक साल पूरा होते होते … more →
K M Mishra wrote 2 months ago: => मित्रों, मैं हूं दुनिया का सबसे पुराना ब्लागर । मेरा नाम कपालभंजक है । मैं पाषाण काल का जीव हू … more →
K M Mishra wrote 2 months ago: हमारे आदरणीय प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह जी ने कांग्रेसी गुप्त सूत्रों से इस तथ्य का पता लगाया है कि पड़ … more →